2026 आ गया है। हम ऊपर वाले से प्रार्थना करते हैं कि यह वर्ष पिछले वर्ष से हर लिहाज से बेहतर साबित हो। 2025 दुर्भाग्य से अगर उसे हादसों का वर्ष कहें तो शायद गलत नहीं होगा। 2025 का साल भारत के लिए त्रासदियों भरा रहा। 2025 में भारत में वो 5 घटनाएं हुई हैं जो देशवासियों के जहन में हमेशा के लिए दर्ज हो गई हैं। जिसमें पहलगाम आतंकी घटना, प्रयागराज महाकुंभ भगदड़, अहमदाबाद विमान हादसा, नई दिल्ली रेलवे स्टेशन भगदड़ और दिल्ली आतंकी हमला शामिल है। 22 अप्रैल 2025 भारत के लिए कभी भी न भूलने वाली तारीख है। इस दिन जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर आतंकियों ने हमला किया था। इसमें 26 निर्दोष लोगों की मौत हो गई थी। इस हमले की जिम्मेदारी लश्कर-ए-तौयबा के एक संगठन ने ली थी। मंगलवार के दिन बसैरन घाटी में आतंकियों ने इस कायरनामा हरकत से मिनी स्विटजरलैंड कहा जाने वाला यह स्थान कुख्यात हो गया। दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक मेला प्रयागराज महाकुंभ वैसे तो सफल रहा। लेकिन 29 जनवरी 2025 को जो वहां भगदड़ मची उसने एक बदनुमा दाग लगा दिया। जिसमें करीब 40 लोगों की मौत हो गई थी और दर्जनों घायल हुए थे। यह हादसा मौनी अमावस्या के दिन अमृत स्नान के दौरान हुआ। 11 फरवरी 2025 को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर मची भगदड़ में 18 लोगों की मौत हो गई थी। यहां लोग प्रयागराज महाकुंभ जाने के लिए स्टेशन पर ट्रेन का इंतजार कर रहे थे। लेकिन ट्रेन का प्लेटफार्म बदलने के चलते ये भगदड़ मच गई थी। स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 13 और 14 पर शनिवार को उस समय भगदड़ मच गई जब यात्रियों के बीच प्रयागराज जा रही दोनों ट्रेने के रद्द होने की अफवाह फैल गई। 12 जून 2025 की यह तारीख भारत को कभी नहीं भूलने वाली डेट है। इस दिन अहमदाबाद से लंदन जा रही एयर इंडिया की एक फ्लाइट अपनी उड़ान भरने के महज 30 सैकेंड बाद ही क्रैश हो गई थी। इस बोइंग विमान 783 ड्रीमलाइनर विमान में पायलट समेत 242 लोग सवार थे। जिसमें 241 मारे गए थे, सिर्फ एक बचा था। इस विमान दुर्घटना में भाजपा के वरिष्ठ नेता और गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का भी निधन हो गया था। भारतीय इतिहास के सबसे बड़े विमानन दुर्घटनाओं में से एक मानी जा रही इस दुर्घटना ने हर किसी को गमगीन कर दिया था। अंत में इस सूची में दिल्ली लालकिला आतंकी हमला आता है। वैसे तो पूरे देश में और कई हादसे हुए। मैंने सिर्फ कुछ प्रमुख हादसों का जिक्र किया है। लालकिला ब्लास्ट 10 नवम्बर 2025 को लाल किला मैट्रो स्टेशन के पास हुआ था। रेड लाइट पर एक सफेद रंग की हुंडई आई-20 कार में ब्लास्ट होने से 12 लोगों की मौत हो गई थी और दर्जनों घायल हो गए थे। छानबीन के कुछ समय बाद सामने आया कि हुंडई आई-20 कार चलाने वाला उमर मोहम्मद उर्फ उमर-उन- नबी था। इसके बाद इसके तार अल फलाह यूनिवर्सिटी से जुड़े। डाक्टरों के एक निहायत खतरनाक आतंकी नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ। अभी भी इसकी जांच चल रही है। फरीदाबाद में गिरफ्तार मुस्लिम के घर से 2910 किलो विस्फोटक बरामद हुआ था। कुल मिलाकर 2025 न केवल भारत के लिए ही एक हादसों का साल रहा बल्कि पूरे विश्व की अशांति और हिंसा का साल रहा। 2026 बेस्ट साबित हो हम इसकी उम्मीद और प्रार्थना करते हैं।
-अनिल नरेन्द्र