Translater
Thursday, 4 March 2021
राजनेता मोटी चमड़ी के होते हैं, मोटी सुई लगाना
देश को कोरोना मुक्त करने के लक्ष्य के साथ हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स को टीका लगने के बाद सोमवार को आम लोगों का टीकाकरण शुरू हो गया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने खुद टीका लगवाते हुए इस चरण का शुभारंभ किया। इस चरण में 60 साल से अधिक उम्र के सभी लोगों और 45 साल से अधिक उम्र के गंभीर रोगों से पीड़ित लोगों का टीकाकरण होगा। मूल रूप से पुडुचेरी की रहने वाली एम्स नर्सिंग अधिकारी पी निवेदा ने प्रधानमंत्री को टीके की पहली डोज दी। गले में असमिया गमछा डाले पीएम ने टीका लगवाते समय अपनी मुस्कुराहट से यह संदेश दिया कि टीके से डरने का सशंकित होने की कोई जरूरत नहीं है। उन्हेंने टीका लगने पर नर्स से कहा, टीका लगा भी दिया और पता भी नहीं चला। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सोमवार तड़के 6 बजे बिना लाव-लश्कर के, बिना रूट लगवाए चुपचाप एम्स पहुंचे। वैक्सीन लगवाने के समय पीएम मोदी ने नर्स से कहा कि नेता मोटी चमड़ी के होते हैं, मोटी सुई लगाना। पुडुचेरी की नर्स पी निवेदा ने मोदी को वैक्सीन की पहली डोज दी। जब पीएम मोदी सुबह-सुबह एम्स पहुंचे तो मेडिकल स्टाफ थोड़े नर्वस थे। माहौल को हल्का करने के लिए पीएम मोदी ने नर्स से पूछा कि आपका नाम क्या है और आप कहां से हैं? इसके बाद मोदी ने हंसी मजाक करते हुए पूछा कि क्या वह पशु के इस्तेमाल करने वाली सुई का इस्तेमाल करेंगी? पीएम के तंज को नर्स समझ नहीं पाई। इसके बाद मोदी ने कहा कि राजनेताओं की चमड़ी बहुत मोटी होती है, इसलिए उनके लिए कुछ विशेष मोटी सुई का इस्तेमाल तो नहीं करने वाली हैं। इस पर नर्स हंस पड़ी। पीएम मोदी को जब टीका लग गया तो उन्हेंने नर्स से कहा टीका लग गया लेकिन मुझे एहसास भी नहीं हुआ। कोवैक्सीन टीका इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के सहयोग से घरेलू कंपनी भारत बायोटेक ने विकसित किया है। दवा महानियंत्रक ने ट्रायल मोड में इसके इमरजेंसी इस्तेमाल की मंजूरी दी है। इस टीके को मंजूरी मिलने पर इसके प्रभाव व सुरक्षा को लेकर कुछ लोगों ने सवाल उठाए थे। फिलहाल, प्रधामंत्री ने वैक्सीन की डोज लेकर सभी आशंकाओं को निराधार साबित कर दिया। मोदी जी के करीब आधे घंटे वैक्सीन लगवाने के बाद ऑब्जर्वेशन के लिए एम्स में रुके। बाद में नरेन्द्र मोदी ने सोशल मीडिया पर फोटो शेयर करते हुए लिखा, कोरोना के खिलाफ वैश्विक लड़ाई को मजबूत करने में हमारे डाक्टर व वैज्ञानिकों ने जिस तेजी से काम किया वह असाधारण है। मैं सभी भारतीय लोगों से अपील करता हूं कि वे वैक्सीन लगवाएं। हमें साथ मिलकर देश को कोरोना मुक्त बनाना है। ऐसी आपदा के वक्त जब किसी अभियान को लेकर लोगों का भरोसा नही बन पाता तो शीर्ष नेतृत्व के आगे आने से आत्मबल जागता है। प्रधामंत्री ने रास्ता दिखाया है और स्पष्ट संदेश दिया है कि टीका लगवाने में किसी प्रकार का डर नहीं है। उनके टीका लगवाने से निश्चित रूप से टीका अभियान के गति पकड़ने की उम्मीद है। अब तो निजी अस्पतालें में भी टीका उपलब्ध कराने की घोषणा कर दी गई है। कीमत भी (250 रुपए) तक कर दी गई है। इस तरह जो लोग सरकारी टीकाकरण केन्द्राsं में जाने से हिचकिचाते हैं, वह भीड़-भाड़ से बचने के लिए निजी अस्पतालों की सेवाएं ले सकते हैं। कोरोना टीकाकरण अभियान में गति लाना बहुत जरूरी है और इसलिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने टीका लगवाकर पहल की है।
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment